-महिला व पुरूष कबड्डी टीमों में 12-12 खिलाड़ी शामिल
एसएस ब्यूरो/ गांधीनगर, 15 सितंबर।
आइची-नागोया एशियाई खेलों के लिए रवाना होने वाली भारतीय पुरुष और महिला कबड्डी टीमों को मंगलवार सुबह यहां भारतीय खेल प्राधिकरण के राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र में गर्मजोशी से विदाई दी गई। दोनों टीमों में 12-12 खिलाड़ी, तीन-तीन कोच और तीन-तीन सहयोगी स्टाफ सदस्य शामिल हैं।
भारतीय पुरुष टीम के मुख्य कोच बलवान सिंह हैं, जबकि बी.सी. रमेश और अनूप कुमार सहायक कोच की भूमिका निभाएंगे।
महिला टीम की मुख्य कोच नीता दादवे हैं, जबकि ममता पूजारी और तेजस्विनी बाई सहायक कोच हैं। दोनों टीमों ने 5 से 14 सितंबर तक साईं के गांधीनगर स्थित एन सी ओ ई में एशियाई खेलों की तैयारियों के लिए प्रशिक्षण शिविर में हिस्सा लिया।
विदाई समारोह के दौरान भारतीय खेल प्राधिकरण के क्षेत्रीय निदेशक प्रशांत सिंह ने दोनों टीमों के कोचिंग स्टाफ को शॉल ओढ़ाकर सम्मानित किया। वहीं साईं के उप निदेशक अशोक खत्री ने दोनों टीमों के कप्तानोंकृपुरुष टीम के सुनील कुमार और महिला टीम की पुष्पा राणाकृको शॉल भेंट की।
मीडिया से में महिला टीम की मुख्य कोच नीता दादवे ने कहा कि उनकी टीम एशियाई खेलों के लिए पूरी तरह तैयार है।
उन्होंने कहा कि “हम पूरी तरह तैयार हैं। हमने मई में 15 दिन का प्रशिक्षण शिविर लगाया था। इसके बाद जून में एक महीने का शिविर हुआ। अब हम एशियाई खेलों का इंतजार कर रहे हैं।” दादवे ने कहा कि ईरान के अलावा चीनी ताइपे भी एक मजबूत कबड्डी टीम के रूप में उभरी है।
उन्होंने कहा कि “ईरान के अलावा चीनी ताइपे बहुत मजबूत टीम है। पिछली बार वह दूसरे स्थान पर रही थी। वे हमारे काफी वीडियो देखते हैं और उनके पास मजबूत अकादमी प्रणाली भी है। हालांकि, अधिकांश टीमों के मुकाबले हमें बढ़त हासिल है क्योंकि हम काफी टूर्नामेंट खेलते हैं।” भारतीय महिला कबड्डी टीम ने 2022 के हांगझोउ एशियाई खेलों में फाइनल में चीनी ताइपे को 26-25 से हराकर स्वर्ण पदक जीता था।
भारतीय महिला टीम की कप्तान पुष्पा राणा ने खेल की अंतरराष्ट्रीय लोकप्रियता बढ़ाने में प्रो कबड्डी लीग के योगदान को महत्वपूर्ण बताया। उन्होंने कहा कि “अब कई विदेशी कोच और खिलाड़ी च्ज्ञस् पी के एल का हिस्सा हैं। वे अपने देशों में वापस जाकर वहां इस खेल के विकास में योगदान देते हैं। यही एक कारण है कि ईरान और चीनी ताइपे जैसी टीमें लगातार बेहतर हो रही हैं।”
भारतीय पुरुष टीम के कप्तान सुनील कुमार ने कहा कि कबड्डी में रणनीति के स्तर पर लगातार बदलाव हो रहे हैं और खेल पहले की तुलना में तेज हो गया है। उन्होंने कहा, “जैसे-जैसे कबड्डी की लोकप्रियता बढ़ रही है, एशियाई खेलों में प्रतिस्पर्धा भी बढ़ रही है। नई टीमें रणनीति के स्तर पर नए प्रयोग कर रही हैं और खेल पहले की तुलना में तेज होता जा रहा है।” सुनील कुमार ने आगामी प्रतियोगिता में नेपाल को एक मजबूत टीम बताया। भारतीय पुरुष कबड्डी टीम ने भी 2022 हांगझोउ एशियाई खेलों में फाइनल में ईरान को हराकर स्वर्ण पदक जीता था।


