चरमराई MCD अस्पतालों की स्वास्थ्य व्यवस्था… BJP पार्षद छेड़ेंगे अस्पतालों व डिस्पेंसरियों के निरीक्षण का अभियान

-नगर निगम के अस्पतालों में न दवाई मिल रही, न इलाज मिल रहा और ना ही दूसरी सुविधाएः राजा इकबाल
-निगम की सत्ता पर काबिज ‘आप’ हर मोर्चे पर ध्वस्त, कमीशनखोरी में व्यस्त आप सरकारः राजा इकबाल सिंह

एसएस ब्यूरो/ नई दिल्लीः 18 अक्टूबर, 2023।
दिल्ली नगर निगम (Municipal Corporation of Delhi) में नेता प्रतिपक्ष राजा इकबाल सिंह (Raja Iqbal Singh) ने निगम की आप सरकार पर निगम की स्वास्थ्य सेवाओं में भारी कोताही बरतने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि जब से दिल्ली नगर निगम में आम आदमी पार्टी (AAP) की सरकार बनी है तब से अस्पतालों में दवाइयां गायब हैं, स्टाफ की कमी है और शौचालय की व्यवस्था पूर्ण रूप से बदहाल है। लोगों को उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है और जरूरी जांच के लिए मशीने नहीं है और अगर कहीं पर मशीन है तो वह ढंग से कार्य नहीं कर रही है।
राजा इकबाल सिंह ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार हर मोर्चे पर विफल साबित हुई है और उनकी इस असफलता का अंजाम दिल्ली की जनता को भोगना पड़ रहा है। राजा इकबाल सिंह ने बताया कि निगम की एलोपैथिक डिस्पेंसरियो में दवाइयां उपलब्ध नहीं है जिसके कारण नागरिकों को परेशानी उठानी पड़ रही है।
उन्होंने कहा कि दिल्ली नगर निगम के अंतर्गत आने वाले आयुर्वेदिक, होम्योपैथिक एवं पंचकर्म अस्पतालों में भी यही व्यवस्था फैली हुई है अस्पतालों में दवाइयां नहीं है, स्टाफ की कमी है और लोगों को उचित इलाज नहीं मिल पा रहा है जिसके कारण जनता बुरी तरह से त्रस्त है। उन्होंने दिल्ली नगर निगम की आप सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि आम आदमी पार्टी मेडिकल फंड का पैसा सिर्फ उसी मद में लगा रही है जहां से उन्हें मोटा कमीशन प्राप्त हो सकता है उनका दिल्ली के लोगों को सुविधाएं देने का कोई इरादा नहीं है।
राजा इकबाल सिंह ने कहा कि दिल्ली नगर निगम के भाजपा (BJP) पार्षद अपने क्षेत्र की डिस्पेंसरियों एवं अस्पतालों का निरीक्षण करेंगे और वहां पर उपलब्ध सुविधाओं का जायजा लेंगे। श्री इकबाल सिंह ने आम आदमी पार्टी पर सिर्फ प्रचार करने एवं झूठी हवा हवाई लूटने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि आम आदमी पार्टी का दिल्ली की जनता की सेवा करने का कोई इरादा नहीं है और मैं आम आदमी पार्टी से पूछना चाहता हूं कि जो वह दिल्ली की जनता को 10 गारंटिया देकर सत्ता में आए थे वह कहां है ना तो लोगों को ढंग से इलाज मिल पा रहा है और शिक्षा व्यवस्था भी चरमरा गई है। कर्मचारियों को समय पर वेतन नहीं मिल रहा और दिल्ली सरकार के मंत्रियों का दिल्ली नगर निगम के कामों में दखल बढ़ता जा रहा है जो कि अनुचित है और कतई भी बर्दाश्त नहीं होगा।