BJP ने जीता चंडीगढ़ के मेयर का चुनाव… बहुमत के बावजूद हारा INDI गठबंधन

-4 वोट से जीती BJP, 8 वोट हुए रद्द, चंडीगढ़ मेयर चुनाव में AAP के साथ हुआ ’खेला’

एसएस ब्यूरो/ चंडीगढ़ः 30 जनवरी।
लोकसभा चुनाव 2024 से पहले चंडीगढ़ (Chandigarh) के मेयर पद के चुनाव (Mayor Election) को लिटमस टेस्ट बताने वाली आम आदमी पार्टी (AAP) और कांग्रेस (Congress) को बड़ा झटका लगा है। दोनों दलों की ओर से मेयर पद के साझा उम्मीदवार को मंगलवार को हार का सामना करना पड़ा। नगर निगम (Municipal Corporation) में बीजेपी (BJP) उम्मीदवार मनोज सोनकर 16 वोट हासिल कर मेयर चुने गए हैं।
इसकी वजह है कि 36 (35 पार्षदों और एक सांसद) मतदान की क्षमता वाले इस नगर निगम के मेयर पद के चुनाव में आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार कुलदीप कुमार केवल 12 वोट ही हासिल कर पाये, जबकि 20 वोटों में से 8 वोट को रद्द कर दिया गया। कुलदीप को कांग्रेस का भी समर्थन हासिल था। यदि ये 8 वोट रद्द नहीं होते तो परिणाम कुछ होता।
कुछ इस तरह है चंडीगढ़ नगर निगम में राजनीतिक समीकरण
चंडीगढ़ नगर निगम में बीजेपी के 14 पार्षद हैं। संख्याबल के लिहाज से बीजेपी सबसे बड़ी पार्टी है। इसके बाद 13 पार्षदों के साथ आप चंडीगढ़ नगर निगम में दूसरी सबसे बड़ी पार्टी है। कांग्रेस के 7 पार्षद हैं और एक पार्षद शिरोमणि अकाली दल के है। चंडीगढ़ मेयर के चुनाव में दिल्ली नगर निगम की तरह स्थानीय सांसद को भी मतदान का अधिकार है। बीजेपी की किरण खेर यहां की सांसद हैं, जिन्होंने मंगलवार को मतदान किया है।
AAP-BJP को मिले इतने वोट
चंडीगढ़ नगर निगम में जीत के लिए कुल 19 वोट के आंकड़े तक पहुंचना जरूरी था। बीजेपी के पास उसके अपने पार्षदों, सांसद मिलाकर कुल 15 वोट हैं। निर्दलीय शिरोमणि अकाली दल के एकमात्र पार्षद का वोट भी जोड़ लें तो बीजेपी के कुल 16 वोट है। बीजेपी उम्मीदवार को इस चुनाव में इतने ही वोट मिले हैं। दूसरी ओर आम आदमी पार्टी के 13 और कांग्रेस के 7 पार्षदों को मिलाकर कुल 20 वोट हैं। पीठासीन अधिकारी ने वोटिंग के बाद गिनती पूरी कराई और तब बताया गया कि कांग्रेस और आप के साझा उम्मीदवार के पक्ष में पड़े वोट में से 8 वोट रिजेक्ट हो गए हैं। इसके बाद दोनों दलों के साझा उम्मीदवार कुलदीप कुमार को मिले वैलिड वोट 12 ही बचे। इसी आधार पर बीजेपी उम्मीदवार को विजयी घोषित कर दिया गया।
मेयर के चुनाव में इतनी धांधली तो लोकसभा चुनाव में क्या होगाः केजरीवाल
दिल्ली के सीएम और आम आदमी पार्टी के मुखिया अरविंद केजरीवाल ने इस हार को बेईमानी करार दिया है। उन्होंने कहा कि ’चंडीगढ के़ मेयर के चुनाव में दिन दहाड़े जिस तरह से बेईमानी की गई है, वो बेहद चिंताजनक है। यदि एक मेयर चुनाव में ये लोग इतना गिर सकते हैं तो देश के चुनाव में तो ये किसी भी हद तक जा सकते हैं, ये बेहद चिंताजनक है।’
आप की कोर्ट में गुहार
चंडीगढ़ नगर निगम में आम आदमी पार्टी की पार्षद प्रेमलता ने आरोप लगाया कि उनके हाथ से वोटिंग पत्र छीन लिया गया था। उन्होंने यह भी कहा कि नगर निगम में बीजेपी उम्मीदवार की जीत के फैसले के खिलाफ कोर्ट में याचिका लगाई जाएगी।